भारत को भी अरब देशों की तरह दुष्कर्म करने वाले दोषियों के लिए कठोर कानून बनाने चाहिएं :- मुफ्ती कासिम
धुलिया (तेज़ समाचार ज़िला संवाददाता ): कठुआ और उन्नाव जैसी फिर न हो घटना ऐसा कोई कानून बना दो, बलात्कारियों को फांसी पर चढ़वा दो’ इस प्रकार से इंसाफ आक्रोश मोर्चा का ज्ञापन सौंपते हुए एक बालिका ने ज़िला अधिकारी रेखावार को संबोधित करते हुए कहा है ।

कश्मीर में आठ साल की मासूम बच्ची के साथ हुए दुष्कर्म के विरोध में शहर में शुक्रवार की दोपहर जुम्मा की नमाज अदा करने के बाद हजारों की संख्या में आक्रोश मूक मोर्चा तिरंगा चौक से पैदल मार्च लोहा बाजार बारह पत्थर तहसीलदार कार्यालय से होते हुएअनुविभागीय अधिकारी समीप सभा में रूपांतरित हुआ सात बालिकाओं ने करीब पैतीस हजार के जन सागर को संबोधित किया जिस में दुष्कर्म मामले की पीड़ितों तथा आठ वर्षीय मासूम को इंसाफ दिलाने और आरोपियों को फांसी की सजा देने की मांग को लेकर महिलाओं छात्राओं और युवाओं में आक्रोश दिखाई दिया। इस दौरान कुमारी हिमानी गोविंद वाघ मुगनयना पिरन वाघ शरद चंद्रिका हरीष बागुल जागृति रमेश इंगले गौसिया शेख आलिया शाह रुपाली चौधरी ने देश, प्रदेश में बलात्कार और महिला उत्पीड़न की घटनाओं से आहत हो कर कठुआ और उन्नाव की घटना को लेकर आक्रोश प्रकट किया साथ ही दोषियों को सख्त सजा देने की मांग की है और कहा है कि एक ओर सरकार बेटी बचाव अभियान चलाया जा रहा है और वही दूसरी तरफ देश की बेटियां सुरक्षित नहीं है । बढ़ती दुष्कर्म की घटनाओं के का बेटियों ने आवास से बहार निकलना मुश्किल हो गया है लड़कियों ने शिक्षा के लिए घर से बहार कदम उठाना की नही इस प्रकार सवाल ज़िला अधिकारी रेखावार को ज्ञापन सौंपते समय शरद चंद्रिका ने किया ।

इंसाफ आक्रोश मूक मोर्चा ने ज़िला अधिकारी को सौपे ज्ञापन में कहा है कि गौरतलब हो कि पिछले दिनों जम्मू के कठुआ में आसिफा के साथ हुई बर्बरता और उन्नाव रेप मामले के विरोध की गूंज से पूरा देश हिल गया। हर इंसान की बस एक ही मांग है कि दोषी को फांसी होनी चाहिए। संगठन ने कहा कि कठुआ और उन्नाव जैसी फिर न हो घटना ऐसा कोई कानून बना दो, बलात्कारियों को फांसी पर चढ़वा दो। आठ सूत्रीय मांगों में बताया है कि आरोपियों की सहायता करने वाले व्यक्ति किसी भी पंत धर्म के हो उन्हें सहयोगी आरोपी बना कर फाँसी की सजा सुनाई दे कठुआ मामले की पैरवी करने वाली महिला अधिवक्ता दीपिका सिंग राजावत को सुरक्षा प्रदान की जाए इसी तरह से धुलिया तथा जलगांव ज़िले के दुष्कर्म मामले को फ़ास्ट कोर्ट में चला कर निपटारा कराया जाए और वेबसाइट की पोर्न साइट्स फिल्मों पर पाबंदी लगाने की मांग की गई । मुस्लिम तथा सिख समुदाय के धर्मगुरुओ ने भी मोर्चे को संबोधित करते हुए कहा कि दुष्कर्म मामले में कड़ी से कड़ी सजा का प्रावधान किया जाए इस दौरान मुस्लिम धर्म गुरु मुफ़्ती कासिम ने केंद्र सरकार से मांग की है बलात्कारियों इस्लामी कानून के मुताबिक सरे आम पथर मार कर मौत की सजा सुनाई देने का कानून बनाया जाए इस दौरान सिख धर्म जसवंत सिंह दारा सिंह मुफ्ती मोहम्मद हिलाल जुबेर शेख अशरफ़ मंसुरी यूसुफ मुल्ला आसिफ शाह तथा सकल मुस्लिम समुदाय संगठनों ने विरोध में जुलूस निकालकर विरोध जताया।
ज़िला अधिकारी के कक्ष के बहार ठिय्या आंदोलन
राहुल रेखावार को पद संभालने के कुछ घँटों के बाद ही मोर्चा का सामना करना पड़ा । दोपहर चार बजे के बीच नवनियुक्त ज़िला अधिकारी आवास पर चले गए थे इस दौरान आंदोलन कारियों ने ज़िला अधिकारी को ज्ञापन सौंपने की मांग को लेकर करीब आधा घंटा ज़िला अधिकारी के कक्ष के बहार ठिय्या आंदोलन शुरू किया और ज़िला अधिकारी को ज्ञात होने के बाद भी कार्यालय से चले जाने की प्रति नाराजगी व्यक्त की ज़िला अधिकारी राहुल रेखावार के आने के बाद उन्हें ज्ञापन सौंपा गया ।


