शिंदखेड़ा. पद्मावत यह महाराणी पद्मावती के इतिहास पर आधारित सिनेमा, जिसमें राणी पद्मावती का इतिहास गलत तरीके से रखा गया है। इसलिए समस्त हिंदधर्मीयों के एवं विशेष कर राजपूत समाज की भावनाओंको ठेस पहुंची है, इसलिये यह सिनेमा पूरे देश मे प्रदर्शित न कर उसे स्थाई रूपसे बॅन किये जाने की मांग को लेकर शिंदखेड़ा तहसिल के पुराने, कोलदे गांव में तापी नदी के पात्र में राजपूत समाज के सामाजीक कार्यकता राकेश राजपूत एवं उसके वहाँ के सहकारी और ग्रामस्थ ने जलआंदोलन शुरु किया है। जब तक मांग पूरी नहीं होती तब तक पानी से बाहर न आने की एवं जलसमाधी लेने का निर्धार किया है। ईस आंदोलन को शिवसेना के उपजिलाप्रमुख शाना सोनवने, शहरप्रमुख चेतन राजपूत, शैलेश सोनार, विजु भोइ, निलेश कोली ने भेट देकर आंदोलन को अपना समर्थन जताया। इस दौरान शाना सोनवणे ने शासन ने जल्द ही इस पर हल नहीं निकाला, तो राजपूत समाज एवं हिंदु धर्म की भावनाओं का सम्मान कर सिनेमा बंद करे। आंदोलनकर्ताओं की मांग नकारी गई तो शिवसेना रास्ते पर उतरेंगी यह अल्टिमेशन दिया। दोंडाईचा शहरप्रमुख चेतन राजपूत ने महाराणी पद्मावती यह हिंदुस्थान व समस्त राजपूतो की अस्मिता का प्रतिक है, उनका अपमान बिल्कुल सहन नहीं किये जाने का प्रतिपादन किया।

