लाहौर (तेज समाचार डेस्क). पाकिस्तान सूचना और संस्कृति मंत्री फैयाज उल हसन चौहान को वहां अल्पसंख्यक हिन्दुओं के बारे में टिप्पणी करना काफी महंगा पड़ा है. राजनीतिक और अवाम की ओर से विरोध के बाद इस मंत्री को अपने पद से इस्तीफा देना पड़ा है. चौहान ने अपने एक बयान में हिंदू समुदाय को ‘गाय का मूत्र पीने वाला’ कहा था. बयान पर सरकार और उनकी पार्टी पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ(पीटीआई) ने कड़ा एतराज जताया था और कार्रवाई की बात कही थी. पाक पीएम इमरान खान ने भी इसे नाकाबिले बर्दाश्त कहा था. पाक के अल्पसंख्यक हिन्दू समुदाय ने भी इस बयान पर कड़ा एतराज जताते हुए उनके इस्तीफे की मांग की थी.
– प्रधानमंत्री इमरान खान ने मांगी माफी
इमरान खान और दूसरे नेताओं की आलोचना करने पर फैयाज ने अपने बयान के लिए मंगलवार सुबह ही माफी मांगी और सफाई देते हुए कहा कि उनकी टिप्पणी अपने देश के अल्पसंख्यकों के लिए नहीं बल्कि भारत के प्रधानमंत्री और भारत की मीडिया के लिए थी लेकिन विरोध बढ़ने पर उन्हें इस्तीफा देना पड़ा.
– धार्मिक भावनाओं को अहत का कोसा था हिन्दुओं को
चौहान ने कहा था, हम मुस्लिम हैं और हमारे पास झंडा है, झंडा है मौला अली की बहादुरी का, झंडा है हजरत उमर के शौर्य का. तुम हिंदुओं के पास यह झंडा नहीं है इस भ्रम में न रहो कि तुम हमसे ज्यादा बेहतर हो. जो हमारे पास है, वह तुम्हारे पास नहीं है, मूर्ति को पूजने वाले.
– ऐसे गलत बयान बर्दाश्त नहीं
चौहान के बयान के सामने आने के बाद उनकी अपनी पार्टी और सरकार से कड़ी निंदा का सामना करना पड़ा. इमरान खान ने कहा, किसी भी अल्पसंख्यक समुदाय के खिलाफ हम किसी भी तरह के बयान बर्दाश्त नहीं करेंगे. पीटीआई के नईमुल हक ने कहा, सरकार ऐसे गलत बयान बर्दाश्त नहीं करेगी, फैयाज चौहान ने हिंदू समुदाय के लिए अपमानजनक बयान दिया. मुख्यमंत्री से बात करने के बाद कार्रवाई की जाएगी. वित्तमंत्री असद उमर ने कहा, ये बर्दाश्त नहीं हो सकता क्योंकि पाकिस्तान का हिंदू इस मुल्क के ताने-बाने का उसी तरह हिस्सा हैं, जैसे मुसलमान.

